Devgiri Maharaj : भारत माता 70 साल से खुश नहीं थी, 2014 के बाद मुस्कुराना शुरू किया : देवगिरी महाराज

अयोध्या। उत्तर प्रदेश में अयोध्या राम मंदिर के कोषाध्यक्ष और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य गोविंद देवगिरी महाराज ने सियासी बयान दिया। देवगिरी ने कहा कि, “भारत हमारी माता है। यह माता 70 सालों से खुश नहीं थी। मुझे लगता है कि, यह तब से क्रंदन कर रही थी। और…इसने 2014 से मुस्कुराना शुरू किया है।”

बता दिया जाए कि गोविंद देवगिरी महाराज पुणे में समग्र वंदे मातरम ग्रंथ प्रकाशन समारोह को संबोधित करने पहुंचे थे। जहां उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि, वंदेमातरम में जो अनेकों विशेषण कहे गए हैं, वो आज लागू नहीं होते हैं। देवगिरी ने सवाल किए कि क्या भारत माता सुहासिनी हैं? क्या वो आज मधुर हास्य कर रही हैं? वो हास्य नहीं, क्रंदन कर रही हैं…। हमें इस पर विचार करना चाहिए कि उसका हर एक विशेषण यथार्थ रहे। हमारी माता 70 साल से तरह-तरह से क्रंदन कर रही हैं… 2014 से थोड़ा मुस्कुराना शुरू किया है।

देवगिरी ने आगे कहा, “हमारी परंपराओं को झुठलाकर, हमारे इतिहास- भूगोल को झुठलाकर, हमारे तीर्थों को झुठलाकर, भगवान राम को काल्पनिक कहकर, “रामसेतु किसी के द्वारा बनाया ही नहीं गया..” ऐसा कहकर और इसका एफिडेविट देकर हमारी सरकारों ने जो पाप किया वो पाप आपके माथे पर भी लगा हुआ है…। हमें पुण्य-कर्म करने की जरूरी है।”

ऐसी ही बातें कहते हुए देवगिरी कड़क आवाज में बोलने लगे। उन्होंने कहा, “जिस इतिहास में मुग़लों को महान बताया जाए, छत्रपति शिवाजी महाराज के लिए महज 5 पंक्तियां लिखी जाएं और महाराणा प्रताप को तो दूर ही फेंक दिया जाए, तो क्या वो इतिहास हमारा इतिहास है? यही इतिहास हमको आज तक पढ़ाया गया क्योंकि दिल्ली के तख्त के नीचे जो सारे साम्यवादी बैठे थे उन्होंने शिक्षा का पूरा नियंत्रण अपने हाथ में लेकर रखा था। मैं तो कहता हूं कि इतिहास को सही ढंग से नई पीढ़ी को पढ़ाएं।”

-Agency

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *